मुख्यमंत्री किसान कल्याण योजना के अन्तर्गत उज्जैन जिले के 2 लाख से अधिक हितग्राहियों को 43 करोड़ रु. से अधिक की राशि वितरित, आबादी अधिकार अभिलेख वितरण के तहत जिले के 46 ग्रामों में स्वामित्व अधिकार अभिलेख वितरित किये गये
उज्जैन 18 मई। बुधवार को प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा मुख्यमंत्री किसान कल्याण योजना के अन्तर्गत कृषक परिवारों को राशि वितरित की गई तथा आबादी अधिकार अभिलेख वितरण के तहत स्वामित्व योजना के अन्तर्गत आबादी भूमि के अधिकार अभिलेख वितरित किये गये। उल्लेखनीय है कि स्वामित्व योजना के अन्तर्गत ग्रामीण आबादी में बनाये गये घर का अब हितग्राहियों को खसरा मिल जायेगा। जानकारी दी गई कि उज्जैन जिले में 1097 ग्रामीण आबादी क्षेत्र में ड्रोन सर्वे किया जा चुका है और बुधवार को 46 ग्रामों में स्वामित्व योजना के अन्तर्गत हितग्राहियों को प्रमाण-पत्र वितरित किये गये। इससे हितग्राही को सम्पत्ति का मालिकाना हक मिल गया है। सम्पत्ति के दस्तावेज से अब ग्रामीणों को बैंक सम्बन्धी विभिन्न कार्यों में कोई परेशानी नहीं आयेगी और लोन भी आसानी से मिल सकेगा।
मुख्यमंत्री के राज्य स्तरीय कार्यक्रम का वेबकास्ट के माध्यम से सभी जिलों में प्रसारण किया गया। उज्जैन एनआईसी कक्ष में इस दौरान कलेक्टर श्री आशीष सिंह, अपर कलेक्टर श्री अवि प्रसाद, अधीक्षक भू-अभिलेख सुश्री प्रीति चौहान, श्री बहादुरसिंह बोरमुंडला और हितग्राही मौजूद थे।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में कहा कि खेती को लाभ का धंधा बनाना हमारा लक्ष्य है। छोटे किसानों के लिये किसान कल्याण योजना के तहत दी जाने वाली राशि वरदान है। इससे किसानों के कई कार्य आसानी से हो जाते हैं। प्रदेश के विकास और जनता के कल्याण में कोई कसर नहीं छोड़ी जायेगी। हर खेत तक पानी पहुंचायेंगे। आज मप्र की विकास दर 19.7 प्रतिशत हो गई है। गेहूं खरीदी की तारीख बढ़ाकर 31 मई तक कर दी गई है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश के किसानों से अपील की कि वे जमीन के कुछ हिस्से में प्राकृतिक खेती को अपनायें। इसके लिये एक गाय की आवश्यकता होती है। गाय को पालने के लिये शासन द्वारा अनुदान दिया जायेगा। प्राकृतिक खेती के अलावा किसान विविध खेती को भी अपनायें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले गांव में स्थित घर और जमीन रिकार्ड में दर्ज नहीं होती थी। इस वजह से सम्पत्ति की कीमत का आंकलन नहीं हो पाता था। स्वामित्व योजना के अन्तर्गत सारी सम्पत्ति का सर्वे कर हितग्राही को स्वामित्व का अधिकार पत्र दिया जायेगा। इससे सम्पत्ति का मूल्य बढ़ेगा और बैंक से लोन आसानी से मिल सकेगा।
मुख्यमंत्री द्वारा छात्र-छात्राओं को मूंग का वितरण भी कार्यक्रम में किया गया। उज्जैन एनआईसी कक्ष में अतिथियों द्वारा हितग्राही पवन चौधरी पिता बद्रीलाल चौधरी, आशाराम पिता मुन्नालाल, शोभाराम पिता बगदीराम, अमजद पटेल पिता सरदार पटेल और मोहनसिंह पंवार पिता सूरतसिंह को किसान कल्याण योजना और स्वामित्व योजना के तहत प्रमाण-पत्र व अधिकार पत्र वितरित किये गये।
क्रमांक 1357 अनिकेत/जोशी




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